सिरोही : 'लॉकडाउन' की पालना में उम्दा उदाहरण बने शहर व गांव

जागरूक टाइम्स 276 Mar 31, 2020

सिरोही। बेशक सिरोही जिला मुख्यालय है, पर आबादी व क्षेत्रफल के लिहाज से बड़े शहरों की तुलना में यह महज कस्बों की श्रेणी में आता है। कमोबेश यही हाल आबूरोड, शिवगंज, माउंट आबू व पिंडवाड़ा का है। ऐसे ही जिले में जावाल, कालंद्री, सिरोड़ी, अनादरा, रेवदर, मंडार, सरूपगंज, रोहिड़ा, पोसालिया, पाडीव, वेलांगरी, वासा, किंवरली सरीखे कई गांव हैं, जो आबादी के लिहाज से ठीक-ठाक होने के बावजूद हैं गांव ही। पर 'लॉकडाउन' के लिहाज से इन गांवों का अनुशासन देखकर लोग सीख सकते हंै कि 'लॉकडाउन' क्या होता है।

सिरोही जिले में जब से 'कोरोना वायरस' के संक्रमण से बचाव के लिए 'लॉकडाउन' लागू हुआ है, सिरोही समेत इन गांवों में इस तालाबंदी (लॉकडाउन) के प्रोटोकॉल का शायद ही किसी ने उल्लंघन किया होगा। काफी संभव है कि आरंभ के एक-दो दिन कुछ लोगों ने प्रोटोकॉल के उल्लंघन की गुस्ताखी की हो, पर उसके बाद लॉकडाउन के प्रोटोकॉल की पालना में ये बड़े-बड़े कस्बों व शहरों के लिए एक उम्दा उदाहरण बन गए हैं।

लोगों को जागरूक करने के प्रति पुलिस अभी भी मुस्तैद
लॉकडाउन के दौरान लोगों को घरों से किसी भी सूरत में बाहर नहीं निकलने को जागरूक करने के प्रति पुलिस अभी तक पूरी तरह मुस्तैदी से कार्य कर रही है। शहरों, कस्बों व गांवों में पुलिस के वाहन बार-बार चक्कर लगाकर माइक पर लगातार अपील की जा रही है कि वे अपनी और अपने परिजनों की सुरक्षा के लिए घरों से बाहर नहीं निकलें और सुरक्षित रहें। हालांकि, अब लोगों को भी समझ में आ चुका है कि बाहर निकलने पर वे कोरोना वायरस के संक्रमण को न्योता दे सकते हैं।

Leave a comment